घरेलू धंधा भी डॉलर में होने लगा क्या
Posted on अगस्त 7th, 2004 द्वारा पंकज
आज इंडियन एक्सप्रैस पर एक खबर पढ़ी। उसी की एक संक्षिप्ति -
“Rahul is allotted just $430,000 a year for development in Amethi, enough, he says, to build just 10 km of roads in a 600 square km constituency. “I am elected to bring development but I am not empowered,” he said. “My hands are tied.”
अब $430,000 से मैं क्या मतलब निकालूँ
- यह खबर अंतरराष्ट्रीय है और इसीलिए डॉलर में है।
- इंडियन एक्सप्रैस ने खबरें अमरीका ऑउटसोर्स कर दी हैं और अमरीकी भाई अपनी कंरसी ही जानते हैं
- हमारी देसी जनता अब अपनी कमाई लेती तो रुपयों मे है और फिर फौरन डॉलर में कनवरट करके बड़ा खुश होती है कि इस महीने पूरे $125 कमाए।
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अनुगूँज यानि सभी चिट्ठाकारों की किसी भी विषय पर सम्मिलित आवाज। अनुगूँज के पाक्षिक आयोजन में आयोजक चिट्ठाकार एक विषय देता है जिस पर सभी भाग लेने वाले चिट्ठाकार अपनी प्रविष्टि लिखते है। जी हाँ कुछ कुछ निबन्ध प्रतियोगिता की तरह, बस इसमे आपको अपनी कलात्मकता (जो नि:सन्देह आपके पास है) का मिश्रण करते हुए अपनी पोस्ट अपने ब्लॉग पर लिखनी है।
अनुगूँज की समाप्ति के अवसर पर आयोजक चिट्ठाकार, सभी प्रविष्टियों का उल्लेख करते हुए एक लेख अक्षरग्राम पर लिखता है। अनुगूँज सम्बंधित नियम 



