देवनागरी डाक सूची का स्थानान्तरण
देवनागरी याहू समूह की डाक
सूची,
http://groups.yahoo.com/group/devanaagarii
का स्थानान्तरण
http://lists.sarovar.org/mailman/listinfo/devanaagarii-lipi
पर किया जा रहा है।
ऐसा उन सूची सदस्यों के अनुरोध
पर किया जा रहा है, जो यूटीऍफ़-8
कूटबन्धन की डाक भेजने, प्राप्त
करने व पुरालेख तैयार करने में
आने वाली तकलीफ़ों से त्रस्त
थे।
http://groups.yahoo.com/group/devanaagarii/message/200
से पता चला कि बेहतर utf-8
कूटबन्धन वाली डाक सूची का प्रयोग करने
के प्रति लोग उत्सुक हैं।
आप अपनी पसन्द का सम्पादन
सरोवर
पर कर सकते हैं।
यदि और कोई समस्या हो तो
devanaagarii-lipi-owner ऍट lists.sarovar.org को डाक लिखें।
कोई भी स्थानान्तरण बिना
झमेलों के नहीं होता है, आपकी राय
आमन्त्रित है, कृपया यह सोच के झेल
लें कि इससे आगे तो लाभ ही होगा।
आप में से जो लोग पुरानी डाक सूची के सूत्रधार थे, व सभी नई वाली के भी सूत्रधार बन जाएँगे, थोड़ी प्रतीक्ष करें
Filed under: सूचना

अनुगूँज यानि सभी चिट्ठाकारों की किसी भी विषय पर सम्मिलित आवाज। अनुगूँज के पाक्षिक आयोजन में आयोजक चिट्ठाकार एक विषय देता है जिस पर सभी भाग लेने वाले चिट्ठाकार अपनी प्रविष्टि लिखते है। जी हाँ कुछ कुछ निबन्ध प्रतियोगिता की तरह, बस इसमे आपको अपनी कलात्मकता (जो नि:सन्देह आपके पास है) का मिश्रण करते हुए अपनी पोस्ट अपने ब्लॉग पर लिखनी है।
अनुगूँज की समाप्ति के अवसर पर आयोजक चिट्ठाकार, सभी प्रविष्टियों का उल्लेख करते हुए एक लेख अक्षरग्राम पर लिखता है। अनुगूँज सम्बंधित नियम 




आलोक भाई, याहूग्रुप्स पर यूटीऍफ़-8 कूटबन्धन की समस्या तो ज़रूर है, पर जो लाभ मैं उम्मीद कर रहा था सरोवर पर जाने से मिलेगा, वह मिलता लग नहीं रहा। मेरे कंप्यूटर (Win-XP, IE6) पर सरोवर का हर नया पृष्ठ खोलने पर या रिफ्रेश करने पर कूटबन्धन पुनः बदलना पड़ता है। यह समस्या याहूग्रुप्स पर तो नहीं थी। क्या यह समस्या अन्य प्रयोक्ताओं को भी हो रही है, या मैं ही कुछ ग़लत कर रहा हूँ? क्या आपने लिस्ट को गूग्लग्रुप्स पर ले जाने के बारे में विचार किया? समस्याएँ वहाँ भी हैं पर अपेक्षाकृत कम हैं।
हर नया पृष्ठ खोलने पर या रिफ्रेश करने पर कूटबन्धन पुनः बदलना पड़ता है।
जी है, यह तो है, पर कूटबन्धन utf-8 ही है, यदि आप View->Source करके देखें। साथ ही डाक के शीर्षकों में भी कूटबन्धन utf-8 हैं। ये दोनो चीज़ें याहू में नहीं हैं।
इसका मतलब यह है कि आप अपनी डाक में इसे आराम से पढ़ पाएँगे (याहू डाक में नहीं) - और खोजक भी इन पन्नों का ठीक तरह से चाट पाएँगे।
समस्या सिर्फ़ पुरालेख वाले पन्नों के अवलोकन में है, उसके बारे में पता करने का प्रयास कर रहा हूँ। लगता है कि यह प्रदर्शन किसी और परिमाण पर भी निर्भर है। यदि किसी को पता हो तो बताएँ।
सरोवर उतना चमकीला नहीं है जितना याहूग्रुप्स या गूगल ग्रुप्स, लेकिन उपरोक्त लाभ काफ़ी काम के होंगे।
आप चाहें तो पुरालेखों को अपने स्थल पर भी आतिथ्यित कर सकते हैं, कच्चे चिट्ठों की मदद से।
इसका कारण पता चल गया है -
मेलमॅन संस्थापन प्रलेख के अनुसार,
अपाचे में ये डालना पड़ता है, httpd.conf में -
AddDefaultCharset Off
नहीं तो बत्ती लग जाती है।
सरोवर वालों को लिखा है, देखते हैं कब ठीक करते हैं।