Posted on नवम्बर 28th, 2005 द्वारा आलोक
गूगल बहुत बड़ा है। आए दिन इसमें कुछ न कुछ होता रहता है। और इसमें से बहुत कुछ हिन्दी में भी है। तो यह सामुदायिक चिट्ठा आपको लगातार जानकारी देगा कि गूगल हिन्दी में क्या क्या गुल खिला रहा है। इससे हिन्दी के जाल प्रयोक्ताओं को नई सुविधाओं के बारे में तो पता चलेगा ही, […]
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Posted on नवम्बर 24th, 2005 द्वारा जीतेन्द्र
अभी पिछले दिनो अपने मुम्बई ब्लॉग और भोजपुरिया ब्लॉग वाले शशि भाई का इन्टरव्यू CNBC INDIA पर आया था। शशि भाई ने इस इन्टरव्यू मे हिन्दी और भोजपुरी पाडकास्टिंग के विषय मे प्रकाश डाला था। शशि भाई छा गये आप तो।
आप भी देखिये उस इन्टरव्यू की एक झलक, इन्टरव्यू की क्लिप्स अलग अलग फ़ारमेट […]
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Posted on नवम्बर 22nd, 2005 द्वारा पंकज
आजकल गूगल एनालिटिक्स की उपलब्धता के कारण अक्षरग्राम(नारद, सर्वज्ञ सहित) पर कितने लोग आते हैं कहां कहां से आते हैं के बड़े ही सुंदर ग्राफ मिलते हैं जरा नीचे दिए गए ग्राफ पर नजर डालें
यह मानते हुए कि अक्षरग्राम प्रेमियों की संख्या का प्रतिशत हर जगह बराबर भारत में नेट उपलब्धता की विषमताएं एक दम […]
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Posted on नवम्बर 21st, 2005 द्वारा पंकज
दिल्ली में रहने वालों या दिल्ली से गुजरने वालों ने यह विज्ञापन जरुर देखा होगा। इसी के सजाल पर उदाहरण हैं शादी.कॉम और भारत मैट्रीमोनी इत्यादि। अमरीका में इसे ही मैच डॉट कॉम जैसे सजाल करते हैं। शादी वालों का तो पता नहीं पर यहाँ मैच मेकिंग में पैसे घणे हैं और घपला भी काफी […]
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Posted on नवम्बर 17th, 2005 द्वारा पंकज
सुनील जी ने आज एक प्रविष्टि की - कितनी दूर आ गए हम। पढ़ कर सोचा कि हिन्दी ब्लॉगजगत भी कितनी दूर आ गया है। एक समय था कि चिट्ठाकारों की गिनती उंगलियों पर ही हो जाती थी। आज कल नारद भी कभी कभी थक जाते हैं। लगता है सोम रस पिलाना पढ़ेगा। जरा नीचे […]
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